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120
يَعِدُهُم وَيُمَنّيهِم ۖ وَما يَعِدُهُمُ الشَّيطانُ إِلّا غُرورًا

फ़ारूक़ ख़ान & अहमद

वह उनसे वादा करता है और उन्हें कामनाओं में उलझाए रखता है, हालाँकि शैतान उनसे जो कुछ वादा करता है वह एक धोके के सिवा कुछ भी नहीं होता